ईंधन-खाद की कमी नहीं
नई दिल्ली :पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और तेल आपूर्ति को लेकर वैश्विक चिंता के बीच केंद्र सरकार ने देशवासियों से अफरातफरी में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की खरीदारी नहीं करने की अपील की है। सरकार ने साफ कहा है कि देश में ईंधन, खाद और दूसरी जरूरी वस्तुओं की पर्याप्त उपलब्धता बनी हुई है और सप्लाई चेन पूरी तरह सामान्य है। केंद्र ने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है और किसी भी तरह की कमी नहीं आने दी जाएगी। पश्चिम एशिया संकट और होर्मुज क्षेत्र में तनाव बढऩे के बाद देश में ईंधन को लेकर आशंकाएं तेज हो गई थीं।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में पश्चिम एशिया पर गठित अनौपचारिक मंत्रिस्तरीय समूह की छठी बैठक हुई। बैठक में पेट्रोलियम, खाद, बिजली, रेलवे और खाद्य मंत्रालय समेत कई अहम विभागों के मंत्री शामिल हुए। इस दौरान देश में ईंधन, खाद और आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता की समीक्षा की गई। बैठक के बाद राजनाथ सिंह ने कहा कि देश में सभी जरूरी वस्तुओं की सप्लाई सामान्य है और सरकार हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। सरकार ने बताया कि सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियां अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ी कीमतों का पूरा बोझ आम लोगों पर नहीं डाल रही हैं। सरकारी तेल कंपनियां वर्तमान में रोज करीब 550 करोड़ रुपये का नुकसान सह रही हैं ताकि आम उपभोक्ताओं को राहत मिल सके। सरकार के मुताबिक यह राहत खास तौर पर घरेलू उपभोक्ताओं, किसानों और आम वाहन चालकों को ध्यान में रखकर दी जा रही है। हालांकि कुछ औद्योगिक उपभोक्ताओं द्वारा खुदरा ईंधन का गलत इस्तेमाल करने और कालाबाजारी की शिकायतें भी सामने आई हैं। बैठक में सरकार ने यह भी माना कि कुछ जगहों पर डीलरों और बड़े खरीदारों द्वारा नियमों का गलत फायदा उठाने की कोशिश हो रही है। कई औद्योगिक उपभोक्ता कम कीमत का फायदा लेने के लिए खुदरा पंपों से ज्यादा खरीदारी कर रहे हैं। सरकार ने इसे गंभीर मामला मानते हुए राज्यों और एजेंसियों को निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। कालाबाजारी, अवैध भंडारण और गलत तरीके से ईंधन खरीदने वालों के खिलाफ कार्रवाई तेज करने की बात कही गई है।
पेट्रोल-डीजल को लेकर घबराएं नहीं: राजनाथ