हमें हनुमान जी के जीवन की अच्छाईयों को धारण करना चाहिए: डॉ. यादव

मुख्यमंत्री ने श्रीराम दरबार प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव को किया संबोधित

इंदौर-उज्जैन मेट्रोपोलिटन शामिल हैं नागदा, धार और रतलाम
श्रीराम वन गमन पथ और श्रीकृष्ण पाथेय को विकसित किया जा रहा
घर-घर गाय और दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए सरकार संकल्पित
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य और दिव्य मंदिर बना है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर सरयू के किनारे भव्य मंदिर निर्माण हुआ और हमारा 500 वर्ष का लंबा संघर्ष पूर्ण हुआ। भगवान श्रीराम ने अपने जीवन के महत्वपूर्ण 12 वर्ष चित्रकूट में बिताए थे। राज्य सरकार दो हजार करोड़ रूपए की लागत से भव्य चित्रकूट धाम का निर्माण कर रही है। प्रदेश में जहां-जहां प्रभु श्रीराम के चरण पड़े, हमारी सरकार उन्हें श्रीराम वन गमन पथ में शामिल कर विकसित कर रही है। भगवान श्री गोपाल कृष्ण से संबंधित धर्म स्थलों को भी श्रीकृष्ण पाथेय के रूप में विकसित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री उज्जैन जिले के नागदा में बालाजी धाम में श्रीराम दरबार प्राण प्रतिष्ठा व ध्वज पूजा कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंहस्थ 2028 के भव्य और दिव्य आयोजन के लिए हजारों करोड़ के विकास कार्य तेजी से पूर्ण किए जा रहे हैं। उज्जैन, इंदौर और आसपास के सभी जिलों में विकास को गति मिल रही है। इंदौर-उज्जैन मेट्रोपोलिटन में धार, नागदा और रतलाम को भी शामिल किया गया है। डॉ. यादव ने कहा कि भगवान श्रीराम के विराट व्यक्तित्व से हमें मानवीय मूल्यों के साथ जीवन जीने की सीख मिलती है। प्रभु श्रीराम त्याग की प्रतिमूर्ति थे, वे एक आदर्श पुत्र, आदर्श पिता, आदर्श भाई थे। रामराज्य में नागरिकों को किसी चीज की कोई कमी नहीं थी। इसी भावना के साथ हमारी सरकार गरीब, किसान और नारी शक्ति के सशक्तिकरण द्वारा अंत्योदय के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। भगवान हनुमान के जीवन का प्रत्येक क्षण प्रभु श्रीराम के लिए समर्पित था। हमें हनुमान जी के जीवन की अच्छाईयों को धारण करना चाहिए। डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने गोपाल कृष्ण को आदर्श मानते हुए घर-घर गाय और दूध उत्पादन बढ़ाने का संकल्प लिया है। इसके लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना की शुरुआत की है। योजना अंतर्गत 10 लाख रुपए अनुदान का प्रावधान किया है। प्रदेश में दूध उत्पादन को 12 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत करने का लक्ष्य रखा है। राज्य में प्राकृतिक खेती और गौ-पालन को प्रोत्साहित करने के लिए प्रति गाय 1100 रुपए महीना सहायता दी जाएगी।
विश्व सनातन धर्म की ओर आशा भरी निगाहों से देख रहा :गहलोत
कर्नाटक के राज्यपाल श्री गहलोत ने कहा कि डेलनपुर में भव्य मंदिर बनकर तैयार हुआ है। विश्व कल्याण और शांति के लिए दुनिया आज सनातन धर्म की ओर आशा भरी निगाहों से देख रही है।
नीट परीक्षा के पारदर्शी आयोजन के लिए सभी व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने कहा कि नीट परीक्षा के निर्विघ्न संचालन के लिए राज्य सरकार लगातार केंद्र सरकार के संपर्क में है। परीक्षा के सुचारु और पारदर्शी आयोजन के लिए सभी व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया गया है। व्यापक तैयारियों के साथ रोल नंबर वेरिफिकेशन भी सुनिश्चित किया जाएगा। नीट परीक्षा के लिए शहरों में अतिरिक्त फोर्स की तैनाती की गई है। परीक्षा केंद्रों पर रिफ्रेशमेंट सेंटर शुरू करने के निर्देश भी दिए गए हैं। राज्य सरकार परीक्षार्थियों और अभिभावकों के आवागमन के लिए इंदौर, भोपाल सहित नीट के अधिक परीक्षा केंद्र वाले शहरों में अतिरिक्त बसों का संचालन कर रही है। परीक्षा केंद्रों पर पीने के पानी और अन्य सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। परीक्षार्थियों और अभिभावकों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, यह सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक प्रबंध किए जा रहे हैं।
मप्र में जुलाई में लागू हो सकता है समान नागरिक संहिता
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने संकेत किए हैं कि मध्य प्रदेश में जुलाई में समान नागरिक संहिता लागू हो सकता है। 20 से 24 जुलाई के 5 दिन के मानसून सत्र के दौरान सरकार समान नागरिक संहिता बिल पास करा सकती है। मोहन यादव ने कहा विधानसभा सत्र के दौरान सौभाग्य से कॉमन सिविल कोड की तरफ बढ़ रहे हैं, महाकाल चाहेंगे तो इसी सत्र में पारित होगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि यूसीसी की तैयारी के लिए सुप्रीम कोर्ट के एक रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में 6 सदस्यों की कमेटी बनाई गई थी। इस कमेटी ने अलग-अलग जिलों का दौरा कर सभी धर्मों के लोगों से राय ली है। कमेटी की रिपोर्ट का संकलन पूरा होते ही सरकार इसे जल्द से जल्द कानून का रूप देना चाहती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *