सांसदों ने स्पीकर को लिखा पत्र
नई दिल्ली: तृणमूल कांग्रेस का अंदरुनी संकट सोमवार को उस समय और गहरा गया जब पार्टी की वरिष्ठ सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने दावा किया कि पार्टी के करीब 20 सांसदों ने केंद्र में सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन का समर्थन करने का फैसला किया है. उन्होंने कहा कि इस फैसले से लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को अवगत करा दिया गया है.
तृणमूल के लोकसभा में 28 सदस्य हैं जबकि राज्यसभा में उसके 12 सदस्य हैं. काकोली घोष दस्तीदार ने कहा कि केंद्र में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी नीत गठबंधन को समर्थन देने की समूह की इच्छा से अवगत कराने के लिए लोकसभा अध्यक्ष को पहले ही पत्र भेजा जा चुका है. उन्होंने कहा “तृणमूल के करीब 20 सांसदों ने जिनमें मैं भी शामिल हूं राजग को समर्थन देने के अपने फैसले से अवगत कराने के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखा है.काकोली ने दावा किया कि वह लोकसभा में पार्टी की मुख्य सचेतक बनी हुई हैं. उन्होंने कहा कि यह निर्णय साथी सांसदों से परामर्श के बाद लिया गया. उन्होंने दलील दी कि यह जनता के जनादेश को दर्शाता है. उन्होंने कहा “हमने जनता के फैसले को स्वीकार कर लिया है और हमारा मानना ??है कि हमारा भविष्य का राजनीतिक मार्ग राजग के अनुरूप होना चाहिए.
सुखेंदु शेखर रॉय का इस्तीफा स्वीकार
राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन ने संसद के उच्च सदन की सदस्यता से तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सुखेंदु शेखर रॉय का इस्तीफा सोमवार को स्वीकार कर लिया और संबंधित सीट को रिक्त घोषित कर दिया. राय ने राधाकृष्णन से मिलकर उन्हें अपना इस्तीफा सौंपा था. राज्यसभा सचिवालय की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक, “राज्यसभा में पश्चिम बंगाल का प्रतिनिधित्व करने वाले सुखेंदु शेखर रॉय ने अपनी सीट से इस्तीफा दे दिया है. राज्यसभा के सभापति ने आठ जून को उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया.
