विंध्य भारत, रीवा
कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग एवं जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में कलेक्टर ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि वर्ष 2024-25 के लंबित तथा वर्ष 2025-26 की छात्रवृत्ति का भुगतान छात्रों के खाते में एक सप्ताह में अनिवार्यत: हो जाय। उन्होंने धरती आबा अभियान में हितग्राहियों का विभागीय योजनाओं का लाभ दिलाये जाने के निर्देश अधिकारियों को दिये।
कलेक्ट्रेट के मोहन सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कलेक्टर ने कहा कि छात्रवृत्ति वितरण की व्यक्तिगत जिम्मेदारी बीईओ की है साथ ही संबंधित संस्था के प्राचार्य यदि इस काम में रूचि न लें तो उनका वेतन रोका जाय। उन्होंने विद्यालयों में निर्माणाधीन नवीन बालिका शौचालय का कार्य 15 फरवरी तक तथा शौचालय में सुधार के कार्य 8 फरवरी तक पूर्ण करने के निर्देश देते हुए कहा कि यह सुनिश्चित करायें कि सभी विद्यालयों में शौचालय चालू हालत में रहे।
अशासकीय विद्यालयों की प्रथम प्रवेशित कक्षा के कार्य में 10 फरवरी तक रिपोर्ट प्राप्त करने के निर्देश कलेक्टर द्वारा दिये गये। उन्होंने कहा कि ऐसा न करने वाली संस्थाओं को नोटिस देकर संबद्धता समाप्त करने की कार्यवाही करें। पाठॠ पुस्तक वितरण की समीक्षा के दौरान बीईओ से शत प्रतिशत वितरण की रिपोर्ट प्राप्त करने के निर्देश कलेक्टर ने दिये। जिन बीईओ ने सत्यापन नहीं किया उनको नोटिस देने के निर्देश बैठक में दिये गये। कक्षा 5 से कक्षा 6वीं में विद्यार्थियों के प्रवेश लेने की मैपिंग की जानकारी तत्काल प्रस्तुत करने के निर्देश संबंधित बीईओ को बैठक में दिये गये। समीक्षा बैठक में बीईओ रीवा के अनुपस्थित रहने पर कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश कलेक्टर ने दिये।
जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आदि आदर्श ग्राम योजना में कार्य न करने वाले को नोटिस देने के निर्देश दिये। उन्होंने वनाधिकार के हितग्राहियों को खाद, आयुष्मान योजना, किसान कल्याण योजना तथा केसीसी का लाभ दिलाये जाने की बात कही।
कलेक्टर ने जिला संयोजक को निर्देशित किया कि स्वरोजगार योजनाओं के लिये बैंक से समन्वय कर प्रकरण स्वीकृत कराकर हितग्राहियों को हितलाभ दिलायें। बैठक में सीईओ जिला पंचायत मेहताब सिंह गुर्जर, जिला शिक्षा अधिकारी रामराज मिश्रा, जिला संयोजक जनजातीय कार्य विभाग के.के. पाण्डेय, डीपीसी राजेश तिवारी, रूचि तिवारी सहित सीईओ, बीआरसी उपयंत्री उपस्थित रहे।