वन परिक्षेत्र अतरैला बीट का मामला, वन विभाग ने अतिक्रमण करने वालों को भगाया
विशेष संवाददाता, रीवा
इन दोनों सरकारी और वन भूमि पर अतिक्रमण किया जाना लोगों की आदत सी बन गई है। तराई क्षेत्र में तो आए दिन ऐसे मामले सामने आते हैं। ऐसा ही मामला अतरैला क्षेत्र का सामने आया है जहां पर कुछ लोग वन भूमि पर अतिक्रमण कर रहे थे, जानकारी मिलते ही वन विभाग का अमला पहुंचा और उन्हें वहां से बेदखल कराया।
बताया गया है कि बीट अतरैला में कक्ष क्रमांक पी एफ 225 एवं आर एफ 210 में 3 अलग स्थलों क्रमश: खोहा, ग्राम पंचायत शिवपुर, गींजातर, ग्राम पंचायत बरहुला, पिपरहिया में अवैध रूप से वन भूमि पर अतिक्रमण के प्रयास को विफल कर वन भूमि को मुक्त किया गया। अतिक्रमणकारियों को पूर्व में वन गश्त के दौरान अतिक्रमण की कोशिश करने पर स्वयं अतिक्रमण हटाने का नोटिस दिया गया था। लेकिन उनके द्वारा अतिक्रमण खाली नहीं किया गया वरन वन अमले को झूठे अपराध, मुकदमे में फंसाने की भी धमकी दी गई। इसके जवाब में वन मंडलाधिकारी रीवा के निर्देशानुसार महिला वनरक्षक, वन परिक्षेत्र अतरैला का वन अमला एवं पुलिस बल के साथ अतिक्रमण प्रयास विफल कर लगभग 2.4 हैक्टेयर वन भूमि अतिक्रमण से मुक्त की गई। कार्यवाही में शुभम दुबे वन परिक्षेत्र अधिकारी अतरैला, महेंद्र मिश्रा , अवध बिहारी मिश्रा हरदोली, राजपाल सोनकर बीटगार्ड अतरैला, देशराज जाटव, रणवीर राय, कृष्णकांत दाहिया, जीतेन्द्र सिंह कछवाह, बुधराज सिंह बघेल, सुश्री दीपा शुक्ला , सुश्री अर्चना कोल , सुश्री सविता देवी, सुश्री गौसिया फातिमा , सुश्री सरोज सिंह एवं अन्य सुरक्षा श्रमिकों का योगदान रहा।